Monday, 5 May 2014

३० मई को रिलीज़ हो रही है फिल्म  
 बाबा रामसा पीर
३० मई को रिलीज़ हो रही है फिल्म “बाबा रामसा पीर’. राजस्थान के जाने माने संत ‘बाबा रामसा पीर’ की इस फिल्म का निर्माण किया है औशिम खेत्रपाल ने. जिन्होंने इस फिल्म से पहले  “शिरडी साईं बाबा”  नामक फिल्म बनाई थी. अभिनेता औशिम खेत्रपाल ऐतिहासिक फिल्म “बाबा रामसा पीर” में बाबा के चरित्र को अभिनीत कर रहे हैं. इस फिल्म से पहले इन्होने फिल्म ‘शिरडी साईं बाबा’ में भी अभिनय किया था.    
१४ शताब्दी में एक संत थे जिनका नाम रामसा था जिन्होंने सबसे पहले हिंदू-मुस्लिम एकता का संदेश फैलाया जिन्हें हिंदू बाबा और मुसलमान पीर कहते थे और दोनों ही इनकी पूजा करते थे. यह नाम बाबा को फारस के इनके ५ साथियों ने ही दिया था जो की उस समय भारत आये थे. इन्हीं “बाबा रामसा पीर” की कहानी पर आधारित है यह फिल्म, जिसका निर्माण हुआ है सतीश टंडन  प्रोडक्शन एंड ओरिएंट ट्रेडलिंक लिमिटेड के बैनर में.           
 इस फिल्म में अभिनय किया है साईं भक्त के रूप में विश्व में प्रसिद्ध औशिम खेत्रपाल और अभिनेत्री ग्रेसी सिंह ने. फिल्म की शूटिंग हुई है मुंबई, जोधपुर, जयपुर और रोंचा गाँव जहाँ पर बाबा रामसा की समाधि है. यह फिल्म राजस्थानी और हिंदी आदि दो भाषाओ में बनी है. इस फिल्म में हिंदी, राजस्थानी भाषा के साथ-साथ गुजराती भाषा में भी मधुर गीत संगीत है जो कि निश्चित रूप से श्रोताओ  को पंसद आएगा.

Saturday, 10 April 2010

फ़िल्म ''चेज'' से आदित्य राज कपूर की वापसी

वरिष्ठ अभिनेता शम्मी कपूर के बेटे आदित्य राज कपूर मेवरिक प्रोडक्शन की फिल्म ''चेज'' जो जग मोहन मूंदड़ा द्वारा निर्देशित है, से अपने अभिनय की वापसी कर रहें हैं. यह फ़िल्म ''29 अप्रैल'' को रिलीज़ होने वाली है. इस फिल्म के अन्य कलाकार हैं अभिनेता अनुज सक्सेना, उदिता गोस्वामी, तरीना पटेल, समीर कोचर, राजेश खट्टर, संजय मिश्रा और श्वेता मेनन.

आदित्य राज कपूर इस फिल्म में नकरात्मक चरित्र वाले एक उद्योगपति की भूमिका में हैं. आदित्य शमाल, सांभर साल्सा जैसी फिल्मों का निर्देशन भी कर चुके हैं .पिछले पंद्रह वर्षों में आदित्य देश के दो सबसे लोकप्रिय वाले मनोरंजन पार्क अप्पू घर और फैंटेसी लैंड के निर्माण में व्यस्त थे.इसके अलावा उन्होंने बाल शिक्षा पर भी बहुत काम किया है. कई साल पहले उन्होंने सलमान खान व माधुरी दीक्षित अभिनीत फिल्म ''दिल तेरा आशिक'' व १९७८ में फ़िल्म ''सत्यम शिवम सुंदरम'' में भी अभिनय किया था.

Sunday, 4 April 2010

मैंने गाँव के एक अंतर्मुखी शिक्षक की भूमिका निभायी है – राहुल बोस

राहुल बोस ऐसे अभिनेता हैं कि जब भी किसी फ़िल्म में अभिनय करते हैं वो फ़िल्म चर्चा का विषय बन जाती है उनकी ऐसी ही एक आने वाली फ़िल्म है ''जैपनीज वाइफ'', संगीत कंपनी सारेगामा द्वारा निर्मित इस फ़िल्म की निर्देशिका हैं अपर्णा सेन, लेखक कुनाल बसु के उपन्यास पर आधारित इस फ़िल्म में राहुल के साथ राईमा सेन व जापानी अभिनेत्री चिगुसा तकाकू मुख्य भूमिका में हैं. राहुल केवल एक अभिनेता ही नहीं बल्कि वो एक रग्बी खिलाड़ी, लेखक, सामाजिक कार्यकर्त्ता, निर्देशक व गायक भी हैं, पिछले दिनों बहुमुखी प्रतिभा के धनी अभिनेता राहुल से मुंबई के सिने मैक्स में बातचीत हुई, प्रस्तुत हैं कुछ मुख्य अंश -

• सबसे पहले अपनी इस फ़िल्म ''जैपनीज वाइफ'' के बारें में बताइए, क्या कहानी है?

यह कहानी है एक स्कूल शिक्षक की, जिसका नाम स्नेहमोय है और मियागे नामक जापान की एक लड़की है, ये दोनों ही पत्रों के माध्यम से एक दूसरे से मिलतें हैं और आपस में उनमें प्यार हो जाता है इसके अलावा पत्र के माध्यम से ही वो शादी भी कर लेते हैं उनकी शादी को १७ साल हो चुके हैं जबकि वो आज तक एक दूसरे से कभी नहीं मिले हैं. यह फ़िल्म उनके प्यार, उनकी खुशी, उनके दुख की है, उनके इस प्यार को एक कविता की तरह पेश किया है निर्देशिका अपर्णा सेन ने, जो बहुत ही अदभुत है.इस फ़िल्म में मेरे साथ जापानी अभिनेत्री चिगुसा तकाकू, राईमा सेन व मौसमी चटर्जी हैं. फ़िल्म का निर्माण किया है संगीत कंपनी सारेगामा ने, यह फ़िल्म लेखक कुनाल बसु के उपन्यास पर आधारित है.

• आपको इस फ़िल्म में ऐसा क्या विशेष लगा कि आपने इस फ़िल्म में काम करना पसंद किया?

मुझे इसकी कहानी ने बहुत ही प्रभावित किया, एक अनोखी प्रेम कहानी है इसमें, आज ऐसी प्रेम कहानी कहाँ देखने व सुनने को मिलती है. इसके अलावा अपर्णा सेन इसे निर्देशित कर रही थी तो जैसे सोने पे सुहागा वाली बात हो गयी.

• क्या आपको लगता है कि यह फ़िल्म भी निर्देशिका अपर्णा सेन की पिछली फ़िल्म की तरह दर्शको को प्रभावित कर सकेगी?

अपर्णा ने इस फ़िल्म में भी अपनी पिछली फिल्मों की तरह बहुत ही मेहनत की है, कहानी भी बहुत अच्छी है, और इसे फिल्माया भी बहुत ही प्रभावी तरीके से है मुझे लगता है कि दर्शको को बहुत पसंद आएगी यह फ़िल्म.

• क्या इस फ़िल्म के लिए आपको फिर से अवार्ड मिलेगा?

देखिये मैं कोई भी फ़िल्म केवल इसलिए नहीं करता कि मुझे अवार्ड मिलें, मैं उन्हीं फिल्मों में काम करना पसंद करता हूँ जिनसे की मुझे संतुष्टि मिलती है, सभी ने इस फ़िल्म में अच्छा काम किया है चाहे वो चिगुसा हो या राईमा हो मौसमी जी हो या मैं हूँ.

• आप अभिनेता, लेखक, व निर्देशक तो हैं ही, क्या किसी बंगाली फ़िल्म में आपने गाया भी हैं?

हाँ मैंने बंगाली फ़िल्म ''अनुरारन'' में एक गीत गाया था.

• अभी कौन - कौन सी फ़िल्में आपकी आने वाली हैं?

एक होरर फ़िल्म है नाम है ''फायरड'', इसके अलावा ''मुंबई चकाचक'' व ''आई एम एंड कुछ लव जैसा'' मेरी आने वाली फ़िल्में हैं.

Thursday, 25 March 2010

दक्षिण अफ्रीका में हो रही “मिस इंडिया २०१०” प्रतियोगिता में अनुज सक्सेना मुख्य अतिथि

२७ मार्च २०१० डरबन, दक्षिण अफ्रीका में हो रही मिस इंडिया प्रतियोगिता में अभिनेता अनुज सक्सेना को मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है. ३० से अधिक देशों के प्रतियोगी इस समारोह में भाग ले रहें हैं और इस तरह की प्रतियोगिता हर वर्ष विभिन्न देशों में आयोजित होगी. अनुज सक्सेना कहते हैं, “मिस इंडिया वर्ल्डवाइड 2010” प्रतियोगिता में मुख्य अतिथि के रूप में दक्षिण अफ्रीका जाने में बहुत ही अच्छा लग रहा है. विभिन्न देशों की खूबसूरत प्रतियोगियो को एक ही मंच पर देख कर अच्छा लगेगा.'' अनुज पिछले पांच वर्षों से अंतरराष्ट्रीय एमी पुरस्कार के जूरर रहें हैं.

उन्हें कान में हुए ''MIPCOM Palais'' समारोह में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया गया था. अनुज सक्सेना जगमोहन मूंदड़ा द्वारा निर्देशित फिल्म ''चेज'' में अभिनय कर रहें है जो कि 30 अप्रैल को रिलीज़ होने वाली है.

विदेशों में अनुज के बहुत प्रशंसक हैं क्योंकि सोनी टी वी उनका धारावाहिक ''कुसुम'' करीब पांच साल तक प्रसारित हुआ था.

Tuesday, 23 March 2010

फ़िल्म "जैपनीज वाइफ" की प्रेस वार्ता का आयोजन मुंबई में


मुंबई के अँधेरी स्थित सिने मैक्स के रेड लाउंज में संगीत कंपनी सारेगामा द्वारा निर्मित फ़िल्म ''जैपनीज वाइफ'' की प्रेस वार्ता का आयोजन हुआ. इस प्रेस वार्ता में फ़िल्म की निर्देशिका अपर्णा सेन, अभिनेता राहुल बोस, अभिनेत्री मौसमी चटर्जी, सारेगामा के अपूर्व नागपाल व अजय शाह भी उपस्थित थे.
सबसे पहले फ़िल्म के प्रोमोज दिखाये गये. फिर अपर्णा सेन ने अपनी फ़िल्म ''जैपनीज वाइफ'' के बारें में बताया और इसके बाद फ़िल्म का संगीत रिलीज़ हुआ. बाद में अजय शाह द्वारा डिजाइन की गयी फ़िल्म ''जैपनीज वाइफ'' की नोट बुक व डायरी को भी रिलीज़ किया गया.
अभिनेता राहुल बोस ने बताया कि, ''मैं इस फ़िल्म में स्नेहमोय नामक स्कूल टीचर बना हूँ, जो कि बहुत ही शर्मीला व अंतर्मुखी है. बहुत ही मुश्किल होती थी शूटिंग करने में, क्योंकि हमने जिस गाँव में शूटिंग की उस गाँव में कोई सुविधा नहीं थी, कोई साइबर कैफे भी नहीं था. जापानी अभिमेत्री चिगुसा से भी बातचीत करने में मुश्किल आती थी क्योंकि हमें जापानी भाषा नहीं आती थी और उन्हें अंग्रेजी भी टूटी फूटी आती थी''
अभिनेत्री मौसमी चर्टजी ने बताया कि, ''मुझे बहुत ही ख़ुशी हुई इस फ़िल्म में काम करके, मैंने बहुत ही लम्बे समय बाद इस फ़िल्म में काम किया है और यह सब संभव हुआ है अपर्णा की वजह से, जिसने मुझे मनाया इसमें काम करने के लिए. उन्होंने कहा कि यह फ़िल्म सभी के दिलों को छूएगी क्योंकि इसकी कहानी बहुत ही संवेदनशील है''.
निर्देशिका अपर्णा ने बताया कि, ''यह फ़िल्म एक ऐसे प्यार की कहानी है जिसमें बगैर एक दूसरे को देखे व मिलें, केवल पत्रों व फोन के जरिये दो लोग प्यार करते हैं और शादी करते हैं और १७ साल तक उनका यह प्यार व शादी कायम कैसे रहती है, मुझे इस सबने ही फ़िल्म बनाने के लिए प्रेरित किया. बहुत ही चुनौती पूर्ण व रचनात्मकता रही इस फ़िल्म को बनाने में''
सारेगामा के अपूर्व नागपाल ने कहा कि,'' मुझे बहुत ही अच्छी लगी जब मैंने लेखक कुनाल बसु का यह उपन्यास पढा, और मुझे मौसमी का चरित्र भी बहुत ही पसंद आया.''
फ़िल्म ''जैपनीज वाइफ'' की कहानी इस प्रकार है, ''सुंदरवन में एक स्कूल शिक्षक है स्नेहमोय नाम का और मियागे जापान की एक युवा लड़की है, ये दोनों ही पत्रों के माध्यम से एक दूसरे से मिलतें हैं और आपस में उनमें प्यार हो जाता है इसके अलावा पत्र के माध्यम से ही वो शादी भी कर लेते हैं उनकी शादी को १७ साल हो चुके हैं जबकि वो आज तक एक दूसरे से कभी नहीं मिले नहीं.''

meraashiyana

Friday, 12 March 2010

हर तरह की फिल्मों से खुश हूं : राइमा सेन

फ़िल्म ''गॉड मदर'' से अपने अभिनय सफ़र की शुरुआत की अभिनेत्री राईमा सेन ने, इस फ़िल्म में उनके अभिनय की सभी ने प्रशंसा की. इस फ़िल्म के बाद दमन, चोखेर बाली, परिणीता, दस, यात्रा, अंतर महल, दायरा, एकलव्य, फंटूश, मनोरमा सिक्स फीट अन्डर, सी कंपनी, मुखबिर, मेरे ख्वाबों में जो आये, हनीमून ट्रेवल्स और ''तीन पत्ती'' आदि अनेको फिल्मों इन्होंने अभिनय किया है. अब जल्दी ही उनकी एक नयी फ़िल्म ''जैपनीज वाइफ'' शीर्षक से रिलीज़ होने वाली है. सारेगामा के बैनर में निर्मित यह फ़िल्म अंग्रेजी व बंगाली दोनों भाषाओ में जल्दी ही रिलीज़ होने वाली है. निर्देशिका अपर्णा सेन की इस फ़िल्म में राहुल बोस, राईमा सेन, मौशमी चटर्जी व जापानी अभिनेत्री चिगुसा तकाकू भी हैं. राईमा से बातचीत हुई उनकी इसी आने वाली फ़िल्म को लेकर, प्रस्तुत हैं कुछ अंश --


· आपकी क्या भूमिका है?
मैं संध्या नाम की एक विधवा की भूमिका में हूँ. जिसका आठ साल का एक बेटा भी है. मैंने पहली ही बार इस तरह की भूमिका की है.

· कहानी के बारें में बताइए?
सुंदरवन में एक स्कूल शिक्षक है स्नेहमोय नाम का और मियागे जापान की एक जवान लड़की है, ये दोनों ही पत्रों के माध्यम से एक दूसरे से मिलतें हैं और आपस में उनमें प्यार हो जाता है इसके अलावा पत्र के माध्यम से ही वो शादी भी कर लेते हैं उनकी शादी को १५ साल हो चुके हैं जबकि वो आज तक एक दूसरे से कभी नहीं मिले हैं. मैं भी कुछ परिस्थितियों की वजह से शिक्षक के घर में रहती हूँ.

· सुना है, यह फ़िल्म भी किसी लेखक की कहानी पर आधारित है?
हाँ - यह अंग्रेजी लेखक कुनाल बासु की लघु कहानी पर आधारित है.

· अपर्णा सेन के साथ काम करना कैसा रहा? सुना है सेट पर आप बहुत ही डरी रहती थी निर्देशिका अपर्णा सेन से?
शुरू शुरू मैं थोड़ी सी उनसे डरी हुई थी क्योंकि मैंने सुना था की वो बहुत ही कडक हैं, लेकिन साथ में काम करते - करते सब ठीक हो गया. जब कोई सीन सही नहीं होता तब वो समझाती व जरुरत होने पर डांटती भी लेकिन फिर अपनी बेटी की तरह प्यार भी करती. अपर्णा के साथ काम करने में बहुत ही अच्छा रहा, मैं भविष्य में भी उनके साथ काम करना चाहूंगी, वो जिस तरह से काम करती हैं उससे बहुत ही प्रेरणा मिलती है.

· राहुल बोस के साथ काम करना कैसा रहा?
राहुल तो एक मंझे हुए अभिनेता है, उनके साथ काम करते हुए बहुत ही सीखा मैंने अभिनय के बारें में, बहुत ही मजा आया साथ में काम करके.

· आपकी अधिकतर जितनी भी फ़िल्में आयी हैं उनमे से अधिकतर कमर्शियल नहीं हैं ? क्या कोई वजह है इसकी?
मुझे जिस भी तरह की फ़िल्में मिल रही हैं मैं उनसे खुश हूँ, मुझे कोई भी शिकायत नहीं है.

· इस फ़िल्म के बाद कौन सी फ़िल्में आपकी आने वाली हैं?
एक तो '' सन् ग्लास'' है, इसके अलावा विनय शुक्ला की ''मिर्च'' व रितुपर्णो घोष की '' नौका डूबी'' मेरी आने वाली फ़िल्में हैं.



Thursday, 11 March 2010

mayanagari

जापानी अभिनेत्री चिगुसा का बॉलीवुड में प्रवेश

जापानी अभिनेत्री चिगुसा तकाकू ने बॉलीवुड में प्रवेश किया है अपनी फिल्म ''जैपनीज वाइफ'' से, जो कि 9 अप्रैल 2010 को रिलीज़ होने वाली है. भारतीय सिनेमा ने अभी तक ज्यादातर ब्रिटिश / मैक्सिकन अभिनेत्रियों का अपनी दोनों बाहें फैला कर स्वागत किया है. लेकिन ऐसा पहली ही बार हुआ कि कोई जापानी अभिनेत्री किसी भारतीय फ़िल्म में अभिनय कर रही है.

जापानी अभिनेत्री चिगुसा तकाकू की पहली अंतरराष्ट्रीय फ़िल्म है ''जैपनीज वाइफ". उनमें स्वाभाविक अभिनय प्रतिभा तो है ही इसके अलावा वह आयल पेटिंग में भी कुशल है. इस सबके बावजूद चिगुसा अपर्णा सेन के कड़े निर्देशन से भारतीय फिल्मों में कदम रख रही हैं. जापानी मीडिया चिगुसा की तुलना जापानी अभिनेत्री रिनको किकुची से कर रहा है जिनका ऑस्कर अवार्ड के लिए नामांकन हुआ था.

शुरू में किसी नई दुल्हन की तरह चिगुसा भी सारेगामा की इस फिल्म "जैपनीज वाइफ" की शूटिंग में बहुत ही घबराई हुई थी. लेकिन जल्द ही वे दूसरे बंगाली लोगो की तरह ''माछेर झोल'' (मछली - चावल करी) का आनंद लेने लगी. जापान जाने से पहले उसने फिर से बंगाल आने की इच्छा व्यक्त की. क्योंकि उन्हें बंगाल की हर चीज चाहे वो वहां का खाना हो या बंगाल के लोग से प्यार हो गया था.

Wednesday, 10 March 2010

दोस्ती बदल जाती है दुश्मनी मे

मोजर बेयर इंटरटेनमेंट लिमिटेड और इडीयट बॉक्स की आगामी फिल्म है ''हाइड एंड सीक''. इस फ़िल्म में अभिनेता पूरब कोहली, मृणालिनी शर्मा, समीर कोचर, अयाज खान, अर्जन बाजवा और पूर्व मिस अर्थ अमृता पटकी मुख्य भूमिका में हैं. फिल्म ''हाइड एंड सीक'' एक रहस्यमय फ़िल्म है, शौन अरान्हा द्वारा निर्देशित व अपूर्व लखिया और लक्ष्मी सिंह द्वारा निर्मित इस फिल्म का संगीत गौरव दासगुप्ता और चिरंतन भट्ट ने दिया है.
''हाइड एंड सीक'' एक रहस्यमय फ़िल्म है. इस फ़िल्म की कहानी छह सबसे अच्छे दोस्तों पर आधारित है. जो कि क्रिसमस की ठंडी रात को एक खेल खेल रहे होतें हैं जब वे बच्चे थे. अभि, ओम, जयदीप, इमरान, गुनिता और ज्योतिका को बिल्कुल ही उम्मीद नहीं की थी कि क्रिसमस की यह रात और यह खेल उनकी जिंदगी हमेशा के लिए बदल देंगें.
बारह साल बाद, जबकि कुछ लोग हैं जिनका पीछा उस रात की यादें अभी तक नहीं छोड़ नहीं पायीं हैं और जबकि दूसरों के भीतर वो यादें गहरी दफन हैं. उनका यह अतीत जिन्हें वो भूल जाना चाहते हैं वापस आ गया है.
इस बार यह सब अतीत से जुड़े हुए एक रहस्यमय संदेश के साथ शुरू होता है. ओम जो अभी अस्पताल से बाहर निकला है अपने बचपन की सबसे प्यारी दोस्त ज्योतिका को देख कर आश्चर्य चकित हो जाता है.
जबकि यही संदेश अभि को भी मिलता है जो कि ओम बिछड़ा भाई और व्यवसायी है, यही सन्देश गुनिता को भी परेशान कर रह है, इमरान जो कि एक फिल्म स्टार बन चुका है. जयदीप व इमरान दोनों ही इसी सन्देश से परेशानी में हैं.
बारह साल बाद, कोई इन छह दोस्तों को एक साथ फिर से वही खेल खेलने के लिए मजबूर कर रहा है, लेकिन इस बार इन सभी का जीवन दावं पर लगा है.
अतीत को ढूंढते हुए ये सभी दोस्त एक शॉपिंग मॉल में मिलते हैं. ये छह सबसे अच्छे दोस्त एक दूसरे के सबसे बड़े दुश्मन में बदल जाते हैं. यही है फ़िल्म ''हाइड एंड सीक''. फिल्म ''हाइड एंड सीक" के निर्देशक शौन अरान्हा ने फ़िल्म ''साथिया'' से एक सहायक निर्देशक के रूप में अपना कैरियर आरभ किया था.

Thursday, 5 November 2009

मारेगा साला



संगीत – सारेगामा सी डी मूल्य -- १५० रूपए
''मरेगा साला'' यह नाम है उस फ़िल्म का, जिसका संगीत पिछले दिनों रिलीज़ किया है संगीत कंपनी सारेगामा ने. इस फ़िल्म की निर्मात्री हैं हेमा हांडा व निर्देशक हैं देवांग ढोलकिया. प्रवीण भारद्वाज के लिखे गीतों की धुनें बनाई हैं संगीतकार हैं डब्बू मलिक ने.
पहला गीत है '' सेहरा सेहरा'' सुनिधि चौहान की आवाज में है यह गीत, एक बार तो मूल रूप में हैं जबकि दूसरी बार रिमिक्स रूप में है. अच्छा है सुनने में. ''परदे वाली बात'' गीत को अपने ही अंदाज में गाया है अलीशा चिनाय ने. लोकप्रिय होगा यह गीत श्रोताओ में, यह गीत भी दो बार है एक बार मूल रूप में जबकि दूसरी बार रिमिक्स रूप में है. ''तू ही तू है'' यह गीत तीन बार है एक बार रिमिक्स है और दो बार अलग - अलग सुनिधि व संगीतकार डब्बू मलिक ने इसे गाया है. प्यार मोहब्बत में डूबा यह गीत भी अच्छा है.
''आँखे तुम्हारी सब कह रहीं हैं'' इस फ़िल्म का सबसे अच्छा गीत है, इस रोमांटिक गीत को सोनू निगम व श्रेया घोषाल ने बहुत ही खूबसूरती से इसे गाया है. यह गीत सीधे सुनने वालो के दिलो पर दस्तक देगा.
सारेगामा द्वारा रिलीज़ किये फ़िल्म ''मरेगा साला'' का संगीत श्रोताओ को पसंद आयेगा क्योंकि अधिकतर सभी गीत प्रेम से जुड़े हुयें हैं और गीत -संगीत का सामंजस्य भी अच्छा है.

Wednesday, 20 August 2008

खलनायक बना हनुमान


अभिनेता मुकेश ऋषि ने अब तक अनेकों हिन्दी फिल्मों में बतौर खलनायक काम किया है । हिन्दी के साथ- साथ उन्होंने दक्षिण की भी की फिल्में की हैं । दक्षिण मे मुकेश बहुत लोकप्रिय अभिनेता हैं । नकारात्मक के अलावा उन्होंने सकारात्मक फिल्में भी की हैं । करीब ८० फिल्मों में काम कर चुके मुकेश ने अब दो एनीमेशन फिल्मों में हनुमान की आवाज में डबिंग की है। ये एनीमेशन फिल्म माया इण्टरटेन्मेंट की "रामायण द इपिक " तथा कैन्टिलो फिल्म्स की "रामा द वारियर्स" हैं । अब हिन्दी फिल्मों का खलनायक हनुमान की आवाज में राम भक्तों को लुभा पाता है या नहीं, यह फिल्म के रिलीज होने पर पता चलेगा । वैसे मुकेश की आवाज प्रभावशाली बताई जा रही है ।

Saturday, 2 August 2008

सोनू कक्कड़ का नया एलबम



SONU KAKKAR'S
DON'T TOUCH ME

Sonu Kakkar's latest album Don't Touch Me's press conference was held in Hotel Jaypee Siddharth, New Delhi. It was on behalf of SONY BMG.

Composed by Sandeep Chowta, Sonu Kakkar's Debut album Don't touch Me! Promises to be a blockbuster, showcasing her dexterity in singing various genres of music- ranging from up-tempo dance numbers to meaningful ballads, soulful romantic songs to rustic songs set to ethnic tunes.

The album has 8 original tracks. The lyrics have been written by Sameer.It is an upbeat energetic dance song sure to get everyone onto the floor. The video has been directed by Baba Yadav and is now being showcased on all music channels.

In a day and age when packaging matters more than the actual contents, Sonu Kakkar is a rare find. This talented singer's voice packs a punch even while her demure looks win you over with their innocence. Raw but beautiful, Sonu's singing style is full-throated and unabashedly powerful. She wowed the world with her raunchy folk number "Babuji Zara Dheere Chalo" in E Niwas' film Dum and bagged the Best Debutant Singer MTV Immies Award.

Some of Sonu's memorable tracks are – the emotional and heat wrenching track 'Call of the lover – 'Sun Charkhe Di' from Sandeep Chowta's non-film album Mitti, the Indi-pop chartbuster 'Mallika I Hate You'etc.

Exuberant and cheerful, Sonu's indefatigable enthusiasm and passion for music is something she conveys effortlessly through her playback singing and live performance.Sonu is a power packed live performer and sets the stage on fire with her energetic performances.
Sonu's latest album on Sony BMG – Don't Touch Me! - Promises to be a blockbuster album.

Wednesday, 2 July 2008

”हे सोनिये’ एक नई आवाज की दस्तक

एक नई आवाज हम सब के दिलों पर राज करने को तैयार है और वह आवाज है सिलिडर परदेसी की । दो साल की कडी मेहनत के परदेसी अपनी धमाकेदार एलबम ’हे सोनिये’ लेकर हमारे बीच आए हैं ।रैप, लोक गीत,आत्मा,पॉप्जैसे भावों से ओत-प्रोत इस एलबम में एक ओर यूके के जाने - माने गायकों का सुंदर गायकी है तो वहीं इसमें अंतर्राष्ट्रीय स्तर का संगीत सुनने को मिलेगा । हे सोनिये एलबम के शीर्षक गीत को सुनकर हर लड्की के मदहोश होने की उम्मीद है । इस गीत में प्यारके साथ शरारत भी है ।
इस एलबम में एक से एक ११ बेहतरीन गीत हैं , जिनमें बॉलीवुड,भंगडी आदि में सिलिडर परदेसी की खूबसूरत आवाज सुनने को मिलेगी । इसकी रिकार्डिंग मुंबई के स्पैक्ट्रल हारमोनी स्टूडियो और यूके की ऋषि रिच स्टूडियो में हुई है । इस तरह इस एलबम में हमें यूके और भारत का बेहतरीन संगम देखने को मिलेगा ।

बिपाशा बासु का महल

Mumbai, July 2 | Bollywood actress Bipasha Basu, who will be seen romancing newcomer Ranbir Kapoor in 'Bachna Aye Haseeno', wants to reconstruct her house here to suit her energy. Wouldn't it make more sense to buy new land and build an entirely new place rather than break down a beautiful place? 'No no!' she says. 'I love the space that I live in and wouldn't want to leave it for anything in the world. I agree there's nothing wrong with my home as it is. But when it was being constructed, I couldn't give it the time and attention I should have. 'I missed the specifications that I had in mind, but never got around to implementing. I need to modify my space to suit my energy,' Bipasha told IANS. The actress will take a break after completing her current films. 'I'm taking quite some time off to build my home just the way I would want it to be. It would be my birthday gift to myself.' Bipasha plans to travel to remote corners of the world to get the right colour and quality of wood, tiles, furnishing, upholstery and other accessories for the house. 'While I'm travelling, my parents, who live a stone's throw away from me, will supervise the construction.' In fact, the actress will move in with her parents down the road while her home gets re-constructed. The re-construction of Bipasha's dream house begins right after the monsoons. 'I know it's going to be tough to get down to doing something so drastic in my life. But I'm forever adventurous. And I've set a deadline - Jan 7 - my birthday for all the construction guys, designers and decorators to finish and move out of my 'Taj Mahal'. I've to set a deadline, otherwise it could go on forever.' Interestingly, Bipasha's building Muktangan on Sarojini Road in Khar has a history of demolition and reconstruction. It used to be the location of Rakhee Gulzar's bungalow. When she sold it and moved out to just two buildings away, she had only one pre-condition - the high rise would continue to be called Muktangan. When Bipasha moved into the newly constructed Muktangan, she occupied the top floor.